*सामाजिक कार्यकर्ता रूपसिंग साहू ने लाल बहादुर शास्त्री जी की जयंती पर किया नमन*
सामाजिक कार्यकर्ता रूपसिंग साहू ने लाल बहादुर शास्त्री जी की जयंती पर किया नमन
गरियाबंद
साहू ने कहा है कि श्री लाल बहादुर शास्त्री जी ने एक मध्यमवर्गीय परिवार से प्रधानमंत्री पद तक पहुंच कर भारत के प्रजातंत्र की शक्ति को विश्व के समक्ष प्रस्तुत किया साथ ही जय जवान जय किसान का नारा दिया जिससे भारत मां की सच्ची सेवा करने वाले जवानों एवं किसानों में अद्भुत ऊर्जा का संचार हुआ है आधुनिक भारत के इतिहास पर नजर डालें तो शास्त्री जी की पूरी जिंदगी ही सादगी और ईमानदारी की मिसाल थी जय जवान जय किसान का नारा देने वाले देश के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी की जयंती भी 2 अक्टूबर को मनाई जाती है चाहे साल 1965 मैं भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध में उनकी नेतृत्व की बात हो या फिर रेल दुर्घटना के बाद उनका रेल मंत्री के पद से उनका इस्तीफा लाल बहादुर शास्त्री ने सार्वजनिक जीवन में श्रेष्ठता के जो प्रतिमान स्थापित किए उसके बहुत कम उदाहरण आज दिखाई देते हैं।
देश के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी का स्मरण आज पूरा देश का रहा है जय जवान जय किसान का नारा देने वाले पूर्व प्रधानमंत्री ने किसानों के हित में अनेकों कार्य किए।
शास्त्री जी ने जय जवान जय किसान के नारे के अलावा राष्ट्र देवो भव का मंत्र भी दिया था यह मंत्र उन्होंने वाराणसी में संपूर्णानंद संस्कृति विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में दिया था उन्होंने कहा राष्ट्र पूजा हम समस्त देशवासियों के लिए सर्वोपरि है जिस धरती ने हम मानव को रहने का स्थान दिया हम सभी जाति धर्म के लोगों को उस मां की पूजा करना चाहिए।
सादगी और उच्च विचारों के पर्याय जय जवान जय किसान का नारा देकर देश को नई शक्ति साहस और दिशा देने वाले राजनीतिक संत की जयंती पर उनके चरणों में कोटि-कोटि नमन।
