किसान आंदोलन के सामने झुकी राज्य सरकार,इस वनांचल क्षेत्र में धान खरीदी केंद्र खोलने की घोषणा
किसान आंदोलन के सामने झुकी राज्य सरकार,इस वनांचल क्षेत्र में धान खरीदी केंद्र खोलने की घोषणा
जयलाल प्रजापति/नगरी
धमतरी के दुगली में 3 दिन से जारी किसानों का आंदोलन बुधवार को खत्म हो गया.क्षेत्र के सैकड़ो किसान 3 दिनों से सपरिवार सड़क पर प्रदर्शन कर रहे थे और 3 दिन तक धमतरी नगरी रोड में चक्का जाम की स्थिति बनी रही.कई बरस से यह के किसान एक धान खरीदी केंद्र खोलने की मांग कर रहे थे लेकिन सरकार आवेदनों को रद्दी के टोकरे में फेंक रही थी. हार कर किसानों ने सड़क जाम करने का फैसला लिया.जिसका असर भी 3 दिन में ही सामने आ गया.सरकार ने दुगली में एक धान खरीदी केंद्र खोलने की मंजूरी दी जिसकी घोषणा कलेक्टर ने ग्रामीणों के बीच जाकर की.
प्रदेश सरकार की ओर से बुधवार को कलेक्टर जय प्रकाश मौर्य ने चालू खरीफ विपणन वर्ष में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए दुगली में धान खरीदी केंद्र खोलने की घोषणा की.यही नहीं ग्रामीणों के साथ कलेक्टर मौर्य, पुलिस अधीक्षक बी.पी.राजभानु, अन्य जनप्रतिनिधियों ने दुगली में खरीदी केंद्र के लिए स्थल का मुआयना भी किया.यहां केन्द्र खोलने के लिए पूजा अर्चना की गई.कलेक्टर ने इस मौके पर बताया कि चूंकि इस क्षेत्र की पंचायतों में पंजीकृत किसानों की संख्या आदिवासी अंचल के लिए तय संख्या 1200 और धान खरीदी न्यूनतम 30,000 क्विंटल, नहीं होने की वजह से यहां धान खरीदी केंद्र खोला जाना तकनीकी रूप से संभव नहीं था. किन्तु जनभावना को ध्यान में रख किसान और आदिवासी चिंतक राज्य सरकार ने इस ऐतिहासिक महत्व के ग्राम दुगली में धान खरीदी केंद्र के लिए बने नियम में शिथिलता करते हुए खरीदी केंद्र खोलने का फैसला ली गई है. स्वयं प्रदेश के खाद्य मंत्री अमरजीत भगत दुगली में केंद्र खोलने की घोषणा फोन के जरिए करना चाह रहे थे, किन्तु उनसे मोबाइल में संपर्क नहीं होने की वजह से कलेक्टर ने उनकी ओर से राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप यहां केन्द्र खोलने की घोषणा ग्रामीणों के बीच पहुंच कर की.इस मौके पर सिहावा विधायक डॉ लक्ष्मी ध्रुव ने आदिवासी अंचल के ग्रामीणों की ओर से राज्य सरकार को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए आभार जताया.
गौरतलब है कि यहां पांच पंचायत के 11 गांव के किसान डोंगरडुला खरीदी केंद्र के बजाय दुगली में धान खरीदी केंद्र खोलने की मांग कर धमतरी-नगरी स्टेट हाईवे में आंदोलनरत थे.इन ग्रामीणों की लगभग बीस साल पुरानी बहुप्रतीक्षित मांग राज्य की सरकार ने पूरी कर दी.कलेक्टर ने इस मौके पर सहकारिता विभाग के अमले को आज ही व्यवस्था करने के निर्देश दिए, जिससे कल से दुगली में धान खरीदी शुरू हो जाए.
बहरहाल ग्रामीणों ने कहा कि जब तक खरीदी शुरू नही हो जाती तब तक सरकार के आश्वासन पर उन्हें भरोसा नही है

